Site icon Madhureo

NAYEE DUNIYAN/नई दुनियाँ

Image Credit : Google

ना सोचे,ना समझे हवा सा बहे हम,

मुहब्बत की राहों में यूँ चल पड़े हम।

तुम्हें जब से देखा,तुम्हें सोचते हैं,

पलक बंद में भी तुम्हें देखते हैं,

तुम्हारी ही यादों में रहने लगे हम,

मुहब्बत की राहों में यूँ चल पड़े हम।

जमाने मे कलतक जशन जीत में थी,

कभी हार जाऊँ ये मुमकिन नही थी,

मगर हार दिल अब उछलने लगे हम,

मुहब्बत की राहों में यूँ चल पड़े हम।

कई आदतें अब हवा हो गए हैं,

मुहब्बत में तेरे फना हो गए हैं,

नशा तेरी बातें,नशा तेरी साँसें,

नशा कर गई तेरी एक मुलाकातें,

नशा आज सजने संवरने लगे हम,

मुहब्बत की राहों में यूँ चल पड़े हम।

तुम्हें क्या खबर कैसी हलचल मची है,

बेताबी नयन,दिल की धड़कन बढ़ी है,

मुझे दो इजाजत,करूँ मैं इबादत,

कयामत तलक हम करेंगे हिफाजत,

तुम्हें रब से ज्यादा समझने लगे हम,

मुहब्बत की राहों में यूँ चल पड़े हम,

मुहब्बत की राहों में यूँ चल पड़े हम।

!!!मधुसूदन!!!

Exit mobile version