Lekhni/लेखनी
Image credit: Google मैं कैसा मैं खुद को जानूं, कलम हमारी धार, दिल में जो भी आता सारे, लिख देते जज्बात, उलटे,पुल्टे शब्द पकाते, तुमको मैं क्या जानूं, या कुछ सीख दिला जाते, क्यूँ इसके पीछे भागूँ, पुत्र बिना जस सुना आँचल, फूल बिना जस गुलशन, शब्दों से जबतक ना खेलूँ, सुना मैं, मन, लेखन […]
Posted in Jiwan Darpan25 Comments on Lekhni/लेखनी
