UDTE DHOOL ARMAANON KE/उड़ते धूल अरमानों के

Image Credit: Google कभी आना हमारी गलियों में भूल से, रुत सावन की राहें भरी हैं धूल से। मेघ सा दिल मगर हम गरजते नहीं, चाहकर भी ये आँखें बरसते नहीं, नींद आती नहीं,चैन आता नहीं, लफ्ज कोई हमें गुदगुदाता नहीं, अब भी यादें तुम्हारी चुभे हैं शुल से, रुत सावन की राहें भरी हैं […]

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