DANVEER BHAMASHAH/दानवीर भामाशाह ( Part-9 Antim Bhag)
Click here to Read part..8 Image credit ; Google पराधीन रहना ना जाना, जीते जी वह हार ना माना, त्याग सुख महलों की जिसने,खाई रोटी घास की, दोहराता हूँ कथा वीर उस महाराणा प्रताप की|२| मुगल पताके लहराये थे दुर्ग सहित मेवाड़ में, राजपूत घुटनों के बल थे,अकबर के दरबार में, मगर खौफ अकबर को […]
