UMMID/उम्मीद

सजल नैन,बालम परदेस,दशा डराए। बंद शहर,कोरोना का कहर,नींद न आए। अस्थिर मन,हिमालय सा अटल,किसे दिखाएँ। आह!नियति,संकट में है प्राण,कोई बचाए। रब की पूजा,करते निशदिन,चैन ना आए। बंद झरोखे,गरजते बादल,हवा डराए। ढाढ़स देते,आएगा मधुमास,लोग जो आए। अकेलापन,अपनो की है भीड़,कौन हँसाए। !!!मधुसूदन!!१

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ANKHEN/आँखें

मेरे प्रिय मित्र,भाई और ब्लॉगर निमिष जी ने अपने ब्लॉग पर एक कविता प्रकाशित की जिसका शीर्षक है “आँखें” जिसे पढ़ कुछ शब्द निकल पड़े। प्रस्तुत है:- पता नही पर्वत की चोटी पर जमी बर्फ कैसे पिघली,और कैसे उसे सहेज असंख्य पत्थरों,चट्टानों को लांघते,इठलाते,बलखाते,उन्मुक्त बहनेवालीमीठे जल की मल्लिका निर्झरणी,सागर से जा मिली,कभी पूछना!कभी पूछना उसनेउस […]

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Kya Chand bhi kabhi Rota hoga/क्या चाँद भी कभी रोता होगा!

कीमती वस्त्र,आभूषणचेहरे पर रेशमी घूंघट,और घूँघट से झलकता चाँद देख,पुरुष क्या,नारियाँ भी आहें भरती होंगी,कैसा होगा उसका बिछौना,कैसा होगा घर,वाह!क्या किस्मत पाई है,निश्चित ही मखमल पर सोती होगी,कौन सोचता होगा उसे देखकर,कि वह भी कभी रोती होगी।दिनभर की उलझनों से इतर,निशा के अंधेरे में,दरवाजे को बंदकर,तकिए में मुँह दबाए,ताकि रोने पर कोई सिसकी ना सुन […]

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DIWAS/दिवस!

प्रयावरण दिवस,हिंदी,विश्व धरोहर दिवस,अंतराष्ट्रीय महिला दिवस,संविधान दिवस,न जाने कितने दिवस बनाए,पन्नो पर उसे सजाए,मगर हमने बचाए क्या?ये ना पूछ बैठना,हमने मिटाए क्या?चीखती नदियाँ,कराहते जंगल,बेजुबानों के लाश पर मनाते मंगल,घँटे,अजान से गुंजित धर्मस्थल,प्रेम कितना शेष अंतस्थल!गिरिजाघर,मस्जिद,मंदिर सर्वत्र दिख जाएंगे,और घर-घर गीता,कुरान भीमगर अपनाए क्या?ये ना पूछ बैठना,हमने मिटाए क्या?!!!मधुसूदन!!!

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PATTHAR/पत्थर

मैं तुक्ष,राहों में बिखरा मामूली पत्थर,मर्जी तेरी ईश्वर मान मंदिर में स्थापित कर,महल बना या सेतु,मगरअरे हाड़-मांस के बनेसभ्य और संस्कारी मानव,मुझे किसी की हत्या का कारण मत बना,माना मैं निर्जीव बिना जान का,मगर तुझे क्या पता,तेरी खुशियों में मैं भी,खुश होता हूँ,और जबकिसी निर्दोष की हत्या में हमें,अपना साझीदार बनाता है,तो अरे बेखबर,औरों की […]

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VIPLAV/विप्लव

ये आहट प्रलय या कर्मों की सजा है,या कोई सबक या कयामत की निशा है।है क्या ये सबकी समझ से परे,शीतल हवा भी जहर से भरे,सूनी हैं सड़कें,गलियाँ वीराना,कैदी बना है ये सारा जमाना,क्रंदन,शवों में ये सिमटा जहाँ है,ये आहट प्रलय या कर्मों की सजा है।दिनकर किरण,चन्द्र की कौमुदी से,कैसा तिमिर ना डिगे इस महि […]

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ANKAHA PREM/अनकहा प्रेम 2

एक पवन का झोंका आया,जिसने मेरा मन भरमाया,पल दो पल का मेल पता ना,जीवन का कब सार हुआ,पता नही कब दिल खो बैठे,पता नही कब प्यार हुआ।मैं राही अनजान डगर था,अनजाना एक साथ सफर था,मंजिल से बेखबर चले पग,थकन कहाँ हर कदम जशन था,जब रोते वे हम रो जाते,वे हँसते तो हम मुस्काते,पता नही कब […]

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Wada/वादा

जिंदगी है तूँ मेरी,इतना भी समझ न पाए,फिर लफ्जों से बयान क्या करना,जब आँखों में देख ना पाए समर्पण मेरे,फिर वादों का ऐतबार क्या करना।तुम वृक्ष हो मैं छाया,मैं मय तुम प्याला,अगर तुम मिट गए तो हम बिखर जाएंगे,तुझे खोना तो दूर,तुम रूठे तो मर जाएंगे,तेरी अहमियत कितना मेरे जीवन में जब,अबतक समझ न पाए,फिर […]

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YAADEN/यादें

Image Credit : Google Click here to Read part….3 जिस्म थी मेरी वो जान बने,उनकी हँसी मेरे मुकाम बने, पूरी हुई ख्वाहिशें,मन्नते,दुआएँ,वे मिले तो जन्नत जहान बने, वे रोते तो रो देते,वे हँसते तो हँस लेते, उनके लिए हँसकर,काँटों पर चल लेते, मगर ये खुशियाँ ये मुस्कान,ईश्वर को मंजूर नही, हम यूँ ही मुस्कुरायें वैसी […]

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CHALLAN ( BHOJPURI ME KAVITA)

Image Credit : Google ई चालान तोडलस सारा कीर्तिमान ए दादा, बाचल घर में नईखे एको अब छेदाम ये दादा, ई चालान तोडलस सारा कीर्तिमान ए दादा। आईल मोदीराज आईल, वाहन के कानून बा, कहीं न पकड़ा जाईब हमहुँ, सुखल तन के खून बा, निकलल देख राह में पुलिस के ई प्राण ये दादा, ई […]

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SURYA ABHI DUBA NAHI/सूर्य कभी डूबा नहीं

Image Credit : Google सूर्य अभी डूबा नहीं,हौसला अभी टूटा नही, माँ भारती के लाल का,किस्मत अभी रूठा नहीं, देखेगी जरूर दुनियाँ एक दिन हमारे हौसले को, निराश हैं,हताश ना,ये कदम अभी रुका नहीं। टूटा है सम्पर्क सिर्फ,विकल्प नहीं छूटा है, आएंगे जरूर चाँद,संकल्प नही टूटा है, देखेंगे करीब से यही चाहतें ये अभी मिटा […]

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UMMID/उम्मीद

Image Credit : Google Hamare priye blogger Aruna ji ke dard ko shabbon me pirone ka ek prayas evam Ishwar se dua……Click here ऐ हवा जरा रुक के, धीरे-धीरे गुजर, तेरी राहों में एक महल है ताश का, जहाँ अरमान अभी,अभी हिलोरे ले रहे हैं, उसे पत्थरों का ताजमहल ना समझ। ऐ पल जरा थम […]

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MULAKAT

IMAGES CREDIT : GOOGLE कल उनसे हमारी मुलाकात हो गयी, बात बर्षों की थी फिर से याद हो गयी। दर्द घटती नहीं,प्रेम मिटती नहीं, लाख चाहो मगर, प्रेम छुपती नहीं, चार आँखों से फिर बरसात हो गयी, बात बर्षों की थी फिर से याद हो गयी। होठ थे बंद पर सब नजर कह गए, उनकी […]

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GHUNGHAT

Image Credit :Google लाखों खुशियाँ ख्वाब सजे जब तूँ घर आई घूंघट में, जीने के अरमान जगे जब नजर मिलाई घूंघट में। इंतजार शिद्दत का मुद्दत गुजरे ये दिन आने में, डर है गुजर ना जाये ये पल आज भी तुझे मनाने में, याद हमें वो पल अब तक, क्या खुलकर तुम मुस्काई थी, सुर्ख […]

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तलवार/TALWAAR

Image Credit : Google वीरों का श्रृंगार तेग, अन्याय मिटाता है शमशीर, दुष्टों के गर हाथ लगा फिर बहुत रुलाता है शमशीर, बल पाकर शैतान गरजते, भूमंडल को वश में करते, निर्बल के गर्दन से होकर गुजरा जो शमशीर, जिस ख्याति,गरिमा,शोभा के जड़ में हो शमशीर, एक दिन उसे मिटाने का कारण बनता शमशीर, एक […]

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Chand

Image Credit :Google मजहब है ना चाँद का कोई, हम सब की मजहब में चाँद, जिसकी जैसी आँखें वैसी, आँखों को दिख जाता चाँद। कोई कहता चन्दा मामा, कोई कहता दूज का चाँद, करवाचौथ के व्रत को तोड़ा, थाल में देखी जब वो चाँद, राजा दक्ष के चाँद जमाई, शीश शुशोभित शिव-शम्भू, सारे जग को […]

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