Ardhangini/अर्धांगिनी

Image Credit : Google आँखों का काजल बोल रही, आँखों में मुझको रहने दो, दिल की धड़कन भी बोल उठी, साँसों में मुझको रहने दो, है तेरी हर एक मस्त अदा, को देख मयूरे ठिठक गये, लहराती जुल्फों के आगे, नभ-मेघ मचलना भूल गये, ये इतराना,क्या शर्माना, क्या अदा तुम्हारी,मुस्काना, मदहोश हुआ अब होश कहाँ, […]

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KARM KA PHAL/कर्म का फल

एक आदमी था जो अपनी मृत्यु से पहले गंगा स्नान करना चाहता था। एक दिन अपनी चाहत पूरी करने के लिए घर से निकल पड़ा । रास्ते में जो भी नदी मिलती लोगों से पूछता, भाई क्या ये गंगा नदी है । जवाब में कोई और नदी का नाम सुन आगे चल पड़ता। रास्ते में […]

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Sawan Bahna ka

Click here to read part..1 रंग-बिरंगी खुशियाँ सारी,सिमटी है इस माह में, भैया तेरी बहना,बैठी है इंतेज़ार में। बोला था आएंगे अबकी,राखी के त्योहार में, भैया तेरी बहना बैठी है इंतेज़ार में।2 कहने को ये कच्चा धागा, धागे में संसार है, बहना का है सिमटा इसमें, भैया सारा प्यार है, झूठा है ये बादल काला, […]

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VARSHA/वर्षा

Image Credit : Google वसुधा पर तेरा आ जाना, मरुस्थल का भी खिल जाना, छोड़ साथ बादल का वर्षा, वसुधा से यूँ मिल जाना, नहीं भूल सकती प्यासी भू, कह दूँ क्या हर्षित कितना हूँ, मन-मंदिर धुन-तान बजा अब, तुमसे ही अरमान सजा अब, जैसे तारे आसमान में रोज चमकते, झीलमिल,झीलमिल, ऐ वर्षा तुम भी […]

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NIMANTRAN/ बुलावा

Image Credit :Google एक पड़ोसी मुल्क हमारे देश से नफरत करता है, जब भी मिलता मौका छलनी माँ का सीना करता है, तुम मेरे ही भाई कह,कह लाल देश के हार गए, मुश्किल समझाना उसको महिपाल देश के हार गए, उसी मुल्क का राजा बन बैठा है मेरा यार, अगर मिलूँ उस यारा से कहलाऊँगा […]

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MAT RUK JAANAA/मत रुक जाना

Image Credit: Google पल-पल राहों को गढ़ता चल,ऐ मानव तूँ नित् चलता चल, ऐ मानव तूँ नित् चलता चल। क्या खोया सोंच के मत रोना,तूँ हार मान यूँ मत सोना, बहती दरिया का धार है तू,भूगर्भ पड़ा अंगार है तू, पत्थर क्या पर्वत भी तेरे,राहों को रोक ना पाएगा, जो खुद दरिया-हुताशन,सपना उसका कौन जलाएगा, […]

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Kabhi Alvida Na Kahna

खरपतवार को स्वयं निकाला, एक-एक वो पौध लगाया, कलतक खिला हुआ था अब वो, बगिया है वीरान,माली छोड़ चला, अपना घर-संसार,माली छोड़ चला। कितने युग संघर्ष किया तूँ, मरुस्थल को स्वर्ग किया तूँ, है अब वही स्वर्ग वीरान, माली छोड़ चला, अपना घर-संसार,माली छोड़ चला। पथ पर उमड़ा जन-सैलाब, अंतर्मन मन मे एक भूचाल, रुँधे […]

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YUG-PURUSH ‘ATAL’

Image Credit :Google “इस भूमि पर परम् आदरणीय स्वर्गीय लाल बहादुर शास्त्री,अब्दुल कलाम और अटल विहारी वाजपेयी जैसे चंद ही ऐसे लोग हैं जिन्हें खोने के बाद ऐसा लगता है जैसे हमने सबकुछ खो दिया और बिन पूछे ही आँखों में आँसू आ जाते हैं। आज पुनः हम मौन हैं। क्या लिखें इस युग पुरुष […]

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JAI HO

Imqge Credit :Google धरती मेरी गगन हमारा,महक रहा है चमन हमारा, सदियों का एक ख्वाब,हकीकत बन कर आया आज, आजादी का जश्न जुबाँ पर सिर्फ एक अल्फाज, वन्देमातरम, वन्देमातरम,वन्देमातरम,वन्देमातरम। मिला हमें आजाद वतन था दो दिन का संग्राम नहीं, खुली हवा,उन्मुक्त गगन था मिलना ये आसान नहीं, कितने लाल धरा पर मिट गए आजादी को […]

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AAYE PHIR SE NETAJI

हाथ जोड़कर मीठा बिष आया अमृत में घोलने, देखो जी,देखो जी,देखो आया फिर से तोड़ने।। बेमतलब की बात करेंगे केवल फिर तकरार करेंगे, कहीं माँग ना दे अपना हक, मुद्दों की बरसात करेंगे, फिर से मंदिर गान बजेगा, जात-पात परवान चढ़ेगा, तरसेंगे कुछ हक पाने को, आरक्षण का मान बढ़ेगा, जिसकी लाठी भैंस उसी की […]

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Quote…34

Open for collab #yqbaba #yqdidi #yqhindi #yourquot #yq #yqquotes #yourquote #YourQuoteAndMine Collaborating with Ritik Juneja Follow my writings on https://www.yourquote.in/madhusudan_aepl #yourquote प्रेम होता ही ऐसा है, चला मेघ भू पर जल बन,खुद का अस्तित्व मिटाने को, बन मीठे जल बूँद गिरा धरती की प्यास बुझाने को, कहाँ कभी परवाह उसे जो प्रेमी का है रखवाला, […]

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Kaisa Shasan/कैसा शासन

आहें,चीख कहीं सिंघासन, होता जश्न कहीं पर मातम, शासन जनता का है लोकतंत्र सब कहते हैं, फिर क्यों चीख रही है जनता नेता हँसते हैं। बंटे हुए थे जाति-धर्म में उस पर मुहर लगा दी है, सिंघासन के मतवाले, अमृत में जहर मिला दी है, चीखती जनता चलता भाषण, जलता देश मस्त सिंघासन, शासन जनता […]

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