Z se Zero but Hero

अंतिम अक्षर Z हूँ मैं, अंग्रेजी अल्फाबेट का, सीमा रेखा जैसे खड़ा हूँ,जैसे कोई देश का।। अंतिम हूँ अंतिम ना मानो, इंसानो की दुनिया में, पलभर को इंसान समझ लो, इंसानो की दुनिया में, बना हमी से जिसकी भैल्यु, दुनिया कहती जीरो है, जिसने क़द्र किया जीरो का, बन बैठा ओ हीरो है, अनयुजुअल कतार […]

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Jeevan Darshan

Kahaani (edhar-udhar se) एक गावँ में आम का एक बिशाल पेड़ था जिसके छावँ में एक बच्चा प्रतिदिन खेलने जाया करता था | वह प्रतिदिन उसके डाल से लिपट-लिपट कर झूला झूला करता | धीरे-धीरे बच्चे से उस अनबोलते बृक्ष को प्रेम हो गया |अब वह प्रतिदिन उस बच्चे का बेसब्री से इंतेजार करता…..प्रेम इंतज़ार […]

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Kaisi Bebasi

जश्न मना है मौत का ,क्रंदन से धरती-अम्बर डोला, लोकतंत्र की जड़े रक्त रंजित,ब्याकुल जन-मन बोला। कब तक शांत रहोगे तुम,शान्ति की बाते बोलोगे, जन मानस की कीमत कब तक,रेत बराबर तौलोगे, अश्रु की सैलाब में धरती का,आँचल अब भींग गया, हृदय विदारक चीख ने,अम्बर का भी सीना चिर गया, सहन की सीमा पार हुयी,ललकार […]

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Talaaq ek Abhishaap

सादगी से भरी, खुबशुरत परी, तेरी गुलशन की हूँ, मैं भी एक कली, देख मौला ये क्या हो गया है, मेरा जीवन सजा हो गया है, हाय जीने को अब क्या बचा है | कितना मिन्नत किया, अब्बा ने हाँ किया, फिर निकाह हो गयी, मुझको सौहर मिला, कितनी खुशियां थी कितने हसीं ख्वाब थे, […]

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Apnaa Gaon

कितना प्यारा था अपना जहान यारो, कहाँ छोड़ आए अपना ओ गांव यारों । कितना भटके हैं हम,फिर भी तरसे है मन, हर ख़ुशी है मगर कितना तन्हा हैं हम, एक डब्बे में सिमटा जहान यारो, कहां छोड़ आए अपना ओ गांव यारो। आम अमरुद की डाली कहाँ खो गयी, देख होठों की लाली कहाँ […]

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Maut ka Saudaagar

देख मनुज निज आँखों से तूने कैसा जग कर डाला, अपनी हाँथों से खुद अपने, मौत का सौदा कर डाला, किन-किन पाप को माफ़ करे रब,कैसा पाप तू कर डाला, कुम्भकर्ण, रावण, दुर्योधन, कंस को पीछे कर डाला, अपनी हाँथों से खुद अपने, मौत का सौदा कर डाला | कितनी सूंदर जहां है ये जिसपर […]

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Judaayee

एक ऐसी नवयुवती जिसका एकमात्र सहारा उसके  पति की एक दुर्घटना में मौत हो जाती है | उस अबला की दर्द, चीख और पुकार को शब्दों में बयाँ करना तो मुश्किल है, फिर भी एक छोटी कोशिश ………………   तूने किसके सहारे मेरे यार जहाँ में छोड़ चला, क्यों थाम के मेरा हाथ साथ तुम […]

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Andhi Daud

जीवन सफर में मिलते हैं लाखों, सबको क्या अपना बनाता है कोई, हम सब मुशाफिर  हैं सुनी सड़क के, मंज़िल सफर में पाता है कोई । बचपन में अपना निवाला खिलाया, बाहों के झूले में जिसने झुलाया, हर जिद पूरा किया जिसने हंसकर, बुढ़ापे में उसको रूलाता है कोई , हम सब मुशाफिर  हैं सुनी […]

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Siskiyaan

दिल तड़पता रहा हम तरसते रहे, अश्क आँखों से पल-पल बरसते रहे, जिनको पूजा न जाने कहाँ खो गया, हाय किस्मत मेरा,वेवफा हो गया।। एक उपवन में हम उनसे ऐसे मिले, एक डाली पर जैसे कलि दो खिले, हम किनारें,नदी की तरह वे मगर, जिंदगी को न जाना ये क्या हो गया, कैसे किश्मत मेरा,वेवफा […]

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Tadap

समझ में ना आता ये तेरी खुदाई, ये कैसा मिलन है ये कैसी जुदाई, मिलते हैं लोग क्यों निशान छोड़ जाते है, तड़पने को सारा जहान छोड़ जाते हैं | तड़पने को सारा जहान छोड़ जाते हैं || पलभर बिछड़कर मुश्किल था जीना, जीवन का ये डोर किसने है छीना, कैसे वे बीच मजधार छोड़ […]

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Tulsidas (ek Prem katha) pad men

तुलसीदास एक प्रेम कथा……..पद में काली अंधेरी बादलों से गरजती शाम, बाहर से घर आना,अपने प्राणप्रिये को घर में नहीं पाना एवं आस- पड़ोस के द्वारा उसके पिता की आने की खबर सुन तुलसी अपने व्यग्र दिल की बातें सुन बिना किसी संकट को सोंचे उफनती नदी को पार कर खिड़की के रास्ते अपने नयी […]

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Sarhad

Image credit :Google उत्तर,दक्षिण,पूरब,पश्चिम है दुश्मन के घाट-घाट, मेरे राम-रहीमा, थाम ले हमरी बाँह ..रे मोरे राम रहीमा थाम ले हमरी बाँह। जिस धरती पर राम हुए जिसने रावण संहार किया, कृष्ना ने जिस धरती से दुनियाँ को गीता ज्ञान दिया,2 उस पावन धरती पर अब तो दुश्मन देखे झाँक-झाँक, मेरे राम-रहीमा, थाम ले हमरी […]

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